भाई पर नौ लाख के घाटे का मुकदमा रोकने के लिए नाज़ ने ज़ोरावर के नब्बे दिन के अनुबंध पर साइन कर दिया। पूरी उपलब्धता, कोई सवाल नहीं, कोई भावनाएं नहीं। लेकिन ये सौदा दोनों के खून में उतर गया।
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नाज़ को उसके भाई रेहान पर नौ लाख के घाटे का मुकदमा चलने और अर्जुन द्वारा उसे जेल भिजवाने की साजिश का पता चलता है। कंपनी के शक्तिशाली सीईओ ज़ोरावर उसे नब्बे दिन के एक खास अनुबंध का ऑफर देते हैं जिसमें पूरी उपलब्धता, कोई सवाल और कोई भावनाएं नहीं की शर्तें हैं, लेकिन साइन करते ही वो उसे अपनी प्राइवेट सूट में पहली रात के लिए बुला लेता है।
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प्राइवेट सूट में ज़ोरावर नाज़ पर अनुबंध के नियम सख्ती से लागू करते हैं और एक डोमिनेंट एक्सप्लिसिट एनकाउंटर के जरिए उसके शरीर और सीमाओं को पूरी तरह टेस्ट करते हैं। गहन शारीरिक समर्पण के बाद नाज़ अनजाने में एक व्यक्तिगत सवाल पूछ बैठती है जिससे ज़ोरावर की आँखें ठंडी पड़ जाती हैं।
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नियम तोड़ने पर ज़ोरावर नाज़ को सख्त एक्सप्लिसिट सजा देते हैं जिसमें वो उसके शरीर को बार बार किनारे तक ले जाकर रोकते हैं और पूरी तरह नियंत्रित करते हैं। सजा के दौरान नाज़ दिन के कुछ घंटों की आजादी के लिए पहले क्लॉज को रीनेगोशिएट करती है लेकिन ज़ोरावर शर्तों के साथ मानते हैं।
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नाज़ ज़ोरावर के विशाल मैनशन में बस जाती है जहां हर नियम और हर कोना उनके सख्त नियंत्रण में है। दिन की आजादी में रेहान से बात करने के बाद वो एक और गहन एक्सप्लिसिट रात बिताती है जिसमें ज़ोरावर उसके शरीर को पूरी तरह अपना बनाते हैं लेकिन देर रात जब दोनों साथ बाहर निकलते हैं तो अर्जुन उन्हें देख लेता है और अपनी जांच शुरू कर देता है।
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उच्च दबाव वाले ऑफिस के दिन में अर्जुन की मौजूदगी से तनाव बढ़ता है और नाज़ फोन एक्सेस के लिए ज़ोरावर से रीनेगोशिएट करती है। लॉक किए गए केबिन के दरवाजे के पीछे रिस्की एक्सप्लिसिट एनकाउंटर होता है जहां बार बार किनारे तक ले जाकर नियंत्रण दिखाया जाता है लेकिन क्लाइमेक्स के बाद ज़ोरावर कोमल इशारा करने वाले थे कि अचानक खुद को रोककर ठंडे अंदाज में बाहर चले जाते हैं।
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रेहान के फोन कॉल से नाज़ को पता चलता है कि नौ लाख का मुकदमा पूरी तरह बंद नहीं हुआ है और अर्जुन अभी भी साजिश रच रहा है। नाज़ अनुबंध का हवाला देते हुए ज़ोरावर से पूरी सुरक्षा की मांग करती है जिसके जवाब में एक और गहन और एक्सप्लिसिट एनकाउंटर होता है लेकिन अर्जुन को अनुबंध से जुड़ा पहला सबूत मिल जाता है।
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व्यापार यात्रा पर ज़ोरावर लोहे जैसा नियंत्रण बनाए रखता है लेकिन मुंबई के लग्जरी सूट में एक गहन एक्सप्लिसिट रात उसके कवच में दरारें दिखाती है जब नाज़ नो-फीलिंग्स क्लॉज को थोड़ा रीनेगोशिएट करती है। रात के बाद नाज़ ज़ोरावर के सामान में एक पुरानी तस्वीर देखती है जिसमें एक औरत है जो उसे सताती लगती है।
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मुंबई के लग्जरी सूट में नाज़ फोटो के बारे में सवाल करती है और ज़ोरावर अपना दर्द भरा अतीत खोलते हैं लेकिन अनुबंध की दीवारें फिर खड़ी हो जाती हैं। क्लिफहैंगर पर अर्जुन रेहान के पास पहुंचता है और बहन के बारे में गंदगी मांगते हुए मदद का सौदा पेश करता है।
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मुंबई से लौटकर नाज़ अनुबंध में एक रोजाना सवाल पूछने की रीनेगोशिएशन करती है और उसका उपयोग ज़ोरावर के नियंत्रण की गहरी जरूरत को समझने में करती है, साथ ही दोनों मिलकर अर्जुन के कॉर्पोरेट हमले को रोकने के लिए लड़ते हैं। क्लिफहैंगर पर एक एक्सप्लिसिट सीन के दौरान ज़ोरावर अनजाने में नाज़ के नाम को दुर्लभ कोमलता से फुसफुसा देता है।
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ज़ोरावर के अनजाने कोमल फुसफुसाहट से डरकर वो नाज़ पर नए सख्त नियम थोप देते हैं जिसमें कोई आंखों का संपर्क नहीं और कोई रोजाना सवाल नहीं शामिल है, नाज़ इन प्रतिबंधों को हटाने के लिए फिर से रीनेगोशिएशन करती है। दोनों के बीच गहन एक्सप्लिसिट एनकाउंटर के दौरान नियंत्रण की जंग चलती है लेकिन क्लिफहैंगर पर अर्जुन ज़ोरावर की प्राइवेट फाइल्स हैक करके मूल अनुबंध का ड्राफ्ट निकाल लेता है।
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अर्जुन के पास अनुबंध का मूल ड्राफ्ट पहुंच जाने की खबर मिलते ही नाज़ अपना भय छुपाती है और ज़ोरावर के साथ मैनशन की बालकनी में एक दुर्लभ गैर शारीरिक कोमल पल बिताती है जहां दोनों भावनाओं को जगह देते हैं और पुरानी दीवारें थोड़ी गिरती दिखती हैं लेकिन क्लिफहैंगर पर अर्जुन नाज़ से अकेले मिलकर सब उजागर करने की धमकी देता है और ज़ोरावर को हटाने में मदद मांगता है।
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अर्जुन की ब्लैकमेल से दबी नाज़ ज़ोरावर के सामने सुरक्षा क्लॉज की नेगोशिएशन करती है बिना सच्चाई बताए, जो एक बेहद गहन एक्सप्लिसिट रात में पावर और पूर्ण समर्पण का रूप ले लेती है जहां ज़ोरावर अपना पूर्ण नियंत्रण दिखाते हैं, लेकिन सुबह क्लिफहैंगर पर रेहान फिर से गिरफ्तार हो जाता है।
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नाज़ सुरक्षा क्लॉज का हवाला देते हुए ज़ोरावर से रेहान को तुरंत छुड़ाने की मांग करती है जबकि अर्जुन अपना जाल और कसता है, एक गहन एक्सप्लिसिट एनकाउंटर में ज़ोरावर अपना वादा पूरा करने से पहले पूर्ण समर्पण लेते हैं, लेकिन रेहान की आजादी की कीमत एक बड़ी डील गंवाकर कंपनी को कमजोर बनाती है।
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कंपनी बोर्डरूम में भयंकर तूफान झेल रही है जहां नाज़ पावर बैलेंस की रीनेगोशिएशन करती है और ज़ोरावर के बराबर खड़ी होकर सहायक से कहीं ज्यादा भूमिका निभाती है, गहन एक्सप्लिसिट समर्पण और संघर्ष के बाद अर्जुन बोर्ड मेंबर्स के सामने अनुबंध का आंशिक सबूत पेश कर देता है।
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बोर्डरूम में ज़ोरावर अर्जुन के दावों से सार्वजनिक रूप से इनकार करते हैं और बोर्ड को सांत्वना देते हैं लेकिन मीटिंग खत्म होते ही नाज़ को निजी केबिन में ले जाकर ठंडे दबदबे से दूर धकेलते हैं, एक गहन एक्सप्लिसिट सीन में अपना नियंत्रण दोबारा हासिल करने की कोशिश में जहां कोई कोमलता नहीं बची। क्लिफहैंगर पर नाज़ अनुबंध के पूरे दस्तावेज में छिपा पेनल्टी क्लॉज ढूंढ लेती है जो नब्बे दिन पूरा होने से पहले छोड़ने पर भारी सजा देता है।
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पेनल्टी क्लॉज ढूंढ लेने के बाद नाज़ ज़ोरावर को सामना करती है और अपनी कहानी एक्सपोज करने की धमकी देकर क्लॉज पर रीनेगोशिएशन मजबूर करती है, जो तनाव भरी बहस से शुरू होकर गहन एक्सप्लिसिट समर्पण में बदल जाता है। क्लिफहैंगर पर एक रॉ एक्सप्लिसिट पल में दोनों एक साथ हर नो-फीलिंग्स रूल तोड़ देते हैं।
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क्लाइमेक्स के बाद ज़ोरावर अपनी नियंत्रण की लत के पीछे छिपी पुरानी बेवफाई और धोखे की पूरी कहानी नाज़ को बताते हैं जो उनके अतीत की एक औरत और अर्जुन जैसे प्रतिद्वंद्वी से जुड़ी है, नाज़ सच्ची कोमलता से उनका साथ देती है और tenderness से उन्हें छूती है लेकिन क्लिफहैंगर पर रेहान फोन पर कबूल करता है कि मूल नौ लाख के घाटे के पीछे अर्जुन ही था।
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रेहान के कबूलनामे से लैस नाज़ और ज़ोरावर अर्जुन के खिलाफ जवाबी हमले की योजना बनाते हैं, उनकी रातें कोमलता और गहन शारीरिक समर्पण से भर जाती हैं लेकिन क्लिफहैंगर पर अर्जुन अनुबंध का रिडैक्टेड वर्जन मीडिया को लीक कर देता है।
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मीडिया में अनुबंध लीक होने से तूफान उठता है, नाज़ रिश्ते की पूरी नींव पर रीनेगोशिएशन कर ईमानदारी और सच्ची साझेदारी की मांग रखती है जो गहन एक्सप्लिसिट समर्पण में बदल जाता है, लेकिन इमरजेंसी बोर्ड मीटिंग में अर्जुन के दबाव से ज़ोरावर कंपनी का अस्थायी नियंत्रण खो देते हैं।
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बोर्ड मीटिंग में कंपनी का नियंत्रण गंवाने के संकट के बीच नाज़ और ज़ोरावर अपनी अब तक की सबसे भावुक और गहन एक्सप्लिसिट रात बिताते हैं जिसमें दोनों स्वीकार करते हैं कि नब्बे दिन का अनुबंध उन्हें हमेशा के लिए बदल चुका है, लेकिन क्लिफहैंगर पर अर्जुन नाज़ से निजी मुलाकात की मांग करता है अपना अंतिम वार करने के लिए।
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नाज़ अर्जुन से अकेले मिलकर उसके मुंह से नौ लाख घाटे की साजिश का कबूलनामा रिकॉर्ड कर लेती है, फिर ज़ोरावर के साथ मिलकर बोर्ड मीटिंग में उसे बेनकाब करते हैं और अर्जुन के खिलाफ फैसला दिलवा लेते हैं, लेकिन गहन एक्सप्लिसिट समर्पण के बीच जब मीडिया तूफान उठता है तो ज़ोरावर नाज़ को बचाने के लिए अनुबंध की सारी जिम्मेदारी खुद पर ले लेता है।
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अर्जुन की हार के बाद नब्बे दिन पूरे होते ही नाज़ ज़ोरावर के सामने अनुबंध का physical contract फाड़ देती है और बिना नियमों वाली नई शुरुआत की मांग करती है, दोनों के बीच गहन explicit समर्पण के पलों के बाद ज़ोरावर अचानक फ्रीज हो जाते हैं।
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नाज़ अनुबंध फाड़ने के बाद ज़ोरावर के फ्रीज हो जाने पर निराश होकर मैनशन से चली जाती है जो उसे अपने डर का सामना करने पर मजबूर कर देता है। ज़ोरावर उसका पीछा करके बिना किसी अनुबंध के जुनूनी और एक्सप्लिसिट मिलन साझा करते हैं लेकिन क्लिफहैंगर पर मीडिया तूफान लौट आता है जिसमें उनके संबंध के नए एक्सप्लिसिट विवरण सामने आ जाते हैं।
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मीडिया तूफान का डटकर मुकाबला करते हुए नाज़ और ज़ोरावर अर्जुन की पूरी साजिश उजागर कर दोनों के नाम साफ करते हैं और कंपनी को बराबरी से दोबारा खड़ा करते हैं लेकिन क्लिफहैंगर पर रेहान अर्जुन के बचे साथियों के नए खतरे मिलने के बाद गायब हो जाता है।
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नाज़ और ज़ोरावर रेहान को अर्जुन के बचे सहयोगियों के जाल से ट्रैक करके बचाते हैं, नौ लाख के घाटे की सारी साजिश और धोखे का अंतिम चैप्टर बंद करते हैं, लेकिन घर लौटकर ज़ोरावर एक सरप्राइज की तैयारी करता है जबकि नाज़ एक आखिरी शर्त नेगोशिएट करना चाहती है।
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नाज़ ज़ोरावर के सामने अंतिम नेगोशिएशन रखती है और उनके रिश्ते को प्यार, बराबरी और स्थायी साझेदारी में बदल देती है, दोनों पुराने अनुबंध की आखिरी कॉपी को साथ जलाते हैं जिसमें गहन भावनात्मक और शारीरिक समर्पण शामिल है, लेकिन नौ महीने बाद सगाई की घोषणा के दौरान एक नया कॉर्पोरेट खतरा सिर उठाता है।